Symptoms and prevention of corona virus infection according to WHO

WHO के अनुसार कोरोना वायरस के संक्रमण के लक्षण एवं बचाव के उपाय

कोरोना वायरस (Coronavirus- COVID-19) के संक्रमण से मरने वाले लोगों की संख्या बढाती ही जा रही है। विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने इसे महामारी घोषित कर दिया है लेकिन वायरस के संक्रमण को फैलने से रोकने के लिए इसके लक्षणों को पहचानना बेहद जरूरी है। लक्षणों को पहचानकर ही कोरोना वायरस पर काबू पाया जा सकता है।

विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने बताया कि कोरोना वायरस से संक्रमित होने पर 88 फीसदी लोगों को बुखार, 68 फीसदी लोगों को खांसी और कफ है तो वंही 38 फीसदी को थकान की समस्या है, जबकि 18 फीसदी लोगों को सांस लेने में तकलीफ है, 14 फीसदी लोगों को शरीरिक दर्द या सिर में दर्द है , तो वंही 11 फीसदी लोगों को ठंड लग रही है और 4 फीसदी लोगों में डायरिया के लक्षण दिख रहे हैं।

कोरोना वायरस का संक्रमण दिसंबर 2019 में चीन के वुहान शहर में शुरू हुआ था। डब्लूएचओ के ने जानकारी में बताया कि वायरस में बुखार, खांसी, सांस लेने में तकलीफ जैसे लक्षण हैं। अभी तक वायरस को फैलने से रोकने के लिए कोई दवा/टीका नहीं बना सका है।

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बीमारी के लक्षण ( Symptoms )?

इस बीमारी से मिलते जुलते कई फ्लू हैं। संक्रमण के दौरान बुखार, सांस लेने में तकलीफ, जुकाम, गले में खराश और नाक बहाने जैसी समस्या उत्पन्न होती हैं। यह वायरस एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति में बहोत तेजी से फैलता है। इसलिए इसे लेकर बहुत सावधानी बरती जरुरी है। कोरोना वायरस कुछ मामलों में घातक भी हो सकता है जैसे की जिन्हें पहले से अस्थमा ,हार्ट और डायबिटीज़ की बीमारी है।

बचाव के उपाय ( prevention )?

स्वास्थ्य मंत्रालय कि तरफ से कोरोना वायरस से बचने के लिए दिशानिर्देश जारी किया गया हैं। स्वास्थ्य मंत्रालय मुताबिक, अपने हाथों को साबुन या अलकोहाल बेस्ड हैंड सांइटिज़ेर का इस्तेमाल करें। खांसते या छीकते समय नाक और अपने मुंह को रूमाल या टिश्यू पेपर से ढककर रखें। जिन व्यक्तियों में इस वाइरस या फ्लू के लक्षण हों तो आप उनसे दूरी बनाकर रखें।

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कोरोना की पहचान के लिए इन लक्षणों पर गौर करें

तेज बुखार का आनाः

अगर किसी व्यक्ति को सुखी खांसी के साथ-साथ तेज बुखार है तो उसे एक बार जरूर जांच करवानी चाहिए। यदि आपके शरीर का तापमान 99.0 और 99.5 डिग्री फारेनहाइट है तो उसे बुखार नहीं मानेंगे। अगर तापमान 100 डिग्री फ़ारेनहाइट (37.7 डिग्री सेल्सियस) या इससे ऊपर पहुंचता है तो यह चिंता का विषय है। इस स्थिति में उस व्यक्ति को चिकित्सक जाँच करवा लेना चाहिए।

कफ और सूखी खांसीः

जाँच में पाया गया है कि कोरोना वायरस से संक्रमित व्यक्ति को कफ होता है लेकिन संक्रमित व्यक्ति को सुखी खांसी आती है।

सांस लेने में समस्याः

कोरोना वायरस से संक्रमित होने पर 5 से 7 दिनों के अंदर संक्रमित व्यक्ति को सांस लेने की समस्या होती है। सांस लेने की समस्या फेफड़ो में फैलते हुए कफ के कारण होती है।

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फ्लू-कोल़्ड जैसे लक्षणः

विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) के अनुसार कोरोना वायरस से संक्रमित व्यक्ति को कभी-कभी बुखार, खांसी, सांस में दिक्कत के साथ-साथ फ्लू और कोल्ड जैसे समस्यायों के लक्षण भी हो सकते हैं।

डायरिया और उल्टीः

कोरोना से संक्रमित लोगों में डायरिया और उल्टी जैसे भी लक्षण पाये गए है। इस तरह की समस्या करीब 30 प्रतिशत लोगों में पाये गए हैं।

सूंघने और स्वाद की क्षमता में कमीः बहुत से मामलों में पाया गया है कि संक्रमित व्यक्ति को सूंघने और खाना कहते समय स्वाद में कमी आती है।

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