Aaj Ka Choghadiya

Choghadiya

Choghadiya: Aaj Ka Choghadiya – आज का चौघड़िया हिंदू पंचांग में इस्तेमाल किया जाने वाला एक लोकप्रिय मुहूर्त सारणी है और चौघड़िया एक दिन में विभिन्न शुभ और अशुभ समयों का सारणीबद्ध तरीके से जानकारी प्रदान करता है। आइये जानते है आज के शुभ चौघड़िया मुहूर्त हिंदी पंचांग कैलेंडर 2020 के अनुसार।

Aaj Ka Choghadiya – आज का चौघड़िया 2020

Thursday, 19, March 2020 Choghadiya also know as  Chogadia or Chaughadia. आप को यहाँ तिथि / तारीख के साथ दिन और रात का चौघड़िया दिया जा रहा है। साथ ही ज्योतिष से प्रश्न पूछने का मौका भी है, जो ज्योतिष अपने समय के हिसाब से आप को जवाब देंगे इसलिये किसी प्रकार का शुभ चौघड़िया या शुभ मुहूर्त पूछना चाहते है तो तय तिथि से पहले पूछे।

Today Choghadiya

Aaj ka shubh muhurat konsa hai, yha dekh skte hai . शुभ मुहूर्तचौघड़िए: शुभ, चंचल, अमृत और लाभ

दिन का चौघड़िया   रात का चौघड़िया  
चौघड़िया शुरू – समाप्त होने का समय चौघड़िया शुरू – समाप्त होने का समय
काल 06:55 AM to 08:20 AM लाभ 06:26 PM to 08:00 PM Kaal Ratri
शुभ 08:21 AM to 09:49 AM उद्वेग 08:00 PM to 09:32 PM
रोग 09:48 AM to 11:14 AM शुभ 09:33 PM to 11:07 PM
उद्वेग 11:14 AM to 12:41 PM अम्रत 11:07 PM to 12:40 AM
चल 12:41 PM to 02:07 PM चल 12:40 AM to 02:104 AM
लाभ 02:07 PM to 03:33 PM रोग 02:14 AM to 03:45 AM
अम्रत 03:33 PM to 05:01 PM काल 03:47 AM to 05:21 AM
काल 05:00 PM to 06:26 PM लाभ 05:21 AM to 06:24 AM

चौघड़िया मुहूर्त क्या होता है?

हिन्दू समय की गणनाओ में दिन और रात के समय को आठ-आठ हिस्से में बांटा गया है, हर एक हिस्सा चौघड़िया होता है, जो की अलग अलग नमो से जाना जाता है। चौघड़िया के नामो को आगे दिया गया है। यह ये भी जाना ज़रूरी है की दिन और रात के चौघड़िया अलग अलग है जो की 12 घंटे का दिन और 12 घंटे की रात बंटे हुये है। चौघड़िया सूर्योदय से शुरू होता है और सात दिनों के चौघड़िया अलग-अलग होते हैं। श्रेष्ठ चौघड़िए समय शुभ, चंचल, अमृत और लाभ के माने जाते हैं। उद्वेग, रोग और काल को अशुभ चौघड़िया माना जाता है। जाने अन्य शुभ मुहूर्त के बारे में।

चौघड़िया की तरह भी अभिजीत मुहूर्त भी बहुत महत्वपूर्ण होता है आप इसके माध्यम से दिन सबसे अच्छा समय जान सकते है।

आज का राहु काल का समय क्या है जाना बहुत ज़रूरी है, क्योकि इस समय में अच्छे कार्य करने से बचना चाहिए नहीं तो कार्य में बढ़ा उत्पन्न हो सकती है।

आज का चौघड़िया मुहूर्त भारत के अलग अलग शहरो में कुछ इस प्रकार है। आज का चौघड़िया जयपुर, उज्जैन मध्य प्रदेश, अहमदाबाद, महाराष्ट्र, पुणे, जोधपुर राजस्थान, भोपाल, बीकानेर, मुंबई, रायपुर चौघड़िया दिन रात का समय नीचे सुझाया गया है।

दिन का चौघड़िया 

रात का चौघड़िया

Raat Ka Choghadiya - आज का चौघड़िया

शुभ चौघड़िया मुहूर्त जाने

पूछे चौघड़िया मुहूर्त ज्योतिष से। आप के लिये शुभ चौघड़िया मुहूर्त ज़रूरी है, अगर आप नया बिज़नेस चालू कर रहे है, दुकान या शोरूम खोल रहे है, कोई सांस्कृतिक या धार्मिक कार्य कर रहे है, इंटरव्यू या परीक्षा देने जा रहे है, कोर्ट कचरी थाना पुलिस आदि का निवारण करने के लिये चौघड़िया शुभ समय देख सकते है।

FAQs – Fast Questions Answers

चौघड़िया का मतलब क्या होता है?

देखने से पता चल रहा है की चौघड़िया दो शब्दों से मिल कर बना है, अर्थात् चौ से चार, और घड़िया से घड़ी। हिंदू लोग दिन और रत के समय को पुराने समय से ही सटीक गणना करते आरहे है। उन्होंने ने दिन रात को मिला कर 8 चौघड़िया मुहूर्त रात के और 8 रात्रि चौघड़िया मुहूर्त दिन के बांट रखे है। आज के समय के हिसाब से समझे तो यहाँ एक चौघड़िया लगभग 96 मिनट होता है तो इसे आप .5 घंटे के आस पास का मान सकते है।

हिन्दू पंचांग में चौघड़िया का क्या महत्व है?

हिन्दू पंचांग में चौघड़िया का बहुत महत्व है। जो की दिन और रात के अच्छे समय को बताते है।

चौघड़िया मुहूर्त क्या है?

चौघड़िया मुहूर्त दिन और रात के शुभ और अशुभ समय को कहते है। जिस दौरना काम करने से सफलता प्राप्त होती है।

चौघड़िया कैसे देखते है?

चौघड़िया समय देखने के लिये चौघड़िया टेबल(सारणी) का उपयोग किया जाता है। किसी खास कार्य को करने जा रहे है, तो आप ज्योतिष से परामर्श ले सकते है। आप हमारे ज्योतिष आचार्य से प्रश्न पूछ सकते है।

मुहूर्त कितने प्रकार के होते है?

मुहूर्त शुभ और अशुभ दो प्रकार के होते है जिनको आगे अलग-अलग और बांटा गया है।

चौघड़िया के कितने प्रकार है?

चौघड़िया दिन और रात के हिसाब से आठ आठ भागों में बांटा गया है। जिनको की काल, शुभ, रोग, उद्वेग, चल, लाभ, अम्रत, काल नामों से जाना जाता है।

ब्रह्म मुहूर्त का समय क्या है?

ब्रह्म मुहूर्त वह समय है जब रात समाप्त होती और अलगी सुबह की शुरुवात होती है। जिसको की रात्रि का अंतिम प्रहर भी कहते है। आधुनि घडी के अनुसार सुबह ४:२४ से ५:१२ तक का समय ब्रह्म मुहूर्त कहलाता है।

शुभ अशुभ चौघड़िया कौनसे है?

शुभ, चंचल, अमृत, लाभ को शुभ चौघड़िया और उद्वेग, रोग, काल को अशुभ चौघड़िया कहते है।

मुहूर्त और चौघड़िया में अंतर क्या है?

मुहूर्त किसी कार्य को करने के समय को कहते है और चौघड़िया का उपयोग शुभ अशुभ समय को जानने के लिये करते है।
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